British Council Activity Way to Fitness With Fun

Wednesday, April 27, 2016

Winners

Proud Movement

Power

You have power over your mind - not outside events. Realise this, and you will find strength.
My Special Blind (Divyang) Students

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नाखून बता सकते हैं आपकी सेहत का हाल

नाखून बता सकते हैं आपकी सेहत का हाल

आधे सफेद और गुलाबी नाखून गुर्दे से संबंधित बीमारियों के संकेत।
स्‍वस्‍थ नाखूनों के लिए विटामिन ए, पोटेशियम, फॉस्फोरस युक्त आहार लें।नाखूनों को रखें साफ और जैतून के तेल से करें मालिश।उभारयुक्‍त नाखून किडनी की बीमारी की ओर करते हैं इशारा। 

फ्रेंच मैनीक्योर नेल्स कैसे पाएं

नाखून साफ और स्वस्थ हों तो सुंदरता में चार-चांद लगाते हैं। लेकिन आपको बता दें कि नाखून सिर्फ सुंदरता तक सीमित नहीं होते, ये आपकी सेहत का हाल भी बयां करते हैं। इस लेख के माध्यम से आप जानेंगे कि नाखूनों और आपकी सेहत में क्या संबंध है।   

आमतौर पर लोग नाखूनों की देखभाल को तवज्जो देना भूल जाते हैं। जबकि नाखून हमारी खूबसूरती का एक अहम हिस्सा तो होते ही हैं, साथ ही ये हमारे स्वस्थ होने का भी अहसास करते हैं। बाल और नाखून स्किन का ही हिस्सा हैं। नाखूनों का निर्माण नेल मैट्रिक्स से होता है।

हमारे शरीर में नाखून पीछे वाले हिस्से में स्किन के नीचे होता है। नाखून बनने पर यह स्किन के नीचे से ऊपर की ओर निकल कर बढ़ता है। नाखून उंगली के जिस छोर पर जाकर खत्म होता है वह हिस्सा "सी मार्जिन ऑफ नेल" कहलाता है। शरीर के इस हिस्से से हम खुजलाने का काम लेते है। यह नेल प्लेट जिस जगह पर उंगली की त्वचा से जुडी होती है वहीं स्किन का बहुत ही महीन आवरण होता है यह अंश क्यूटिकल्स कहलाता है। नाखूनों में किसी भी प्रकार का कोई परिवर्तन हो तो स्वास्थ्य के प्रति सचेत हो जाना चाहिए।

हाल ही में हुए शोध में सामने आया है कि नाखूनों को देखकर भी आपकी सेहत के बारे में पता लगाया जा सकता है। दुनियाभर में हुए कुछ शोधों के अनुसार यह तथ्य प्रमाणित हो चुका है कि विभिन्न बीमारियों में नाखूनों का रंग बदल जाता है। जैसे सफेद रंग के नाखून लीवर से संबंधित बीमारियों जैसे हेपेटाइटिस की खबर देते हैं।

पीले नाखून (जो आकार में मोटे हों और धीरे-धीरे बढ़ते हों) फेफड़े संबंधी बीमारियों के परिचायक हैं। आधे सफेद और आधे गुलाबी नाखून गुर्दे से संबंधित बीमारियों के संकेत देते हैं। यदि नाखूनों का रंग पीला है या उनकी पर्त सफेद है तो यह लक्षण शरीर में खून की कमी (एनीमिया) का लक्षण है। नाखूनों का पीलापन पीलिया के लक्षण को भी बताता है। 

यदि आप को किसी नाखून का ऊपरी सिरा फटा दिखाई पडे या नाखून में पीलापन नजर आए या कभी नाखून चम्मच जैसा दिखे, नाखून धंसा नजर आने लगे तो आपको तुंरत डॉक्टर के पास जाना चाहिए और सलाह लेना चाहिए। जरूरी नहीं कि यह नाखूनों की ही कोई बीमारी हो, बल्कि ऐसे लक्षण शरीर में बीमारी होने की संभावना का संकेत देते हैं। यह देखा गया है कि नाखूनों से पीलिया, एनीमिया का पता चलता है। यही नहीं नाखूनों से कुछ बडी बीमारीयों जैसे- फेफडों का कैंसर, दिल की बीमारी व थायराइड की गडबडी आदि का भी पता चलता है।

 
 आपके नाखूनों का बदलता रंग आपकी सेहत के बारे में बहुत कुछ बयान कर देते हैं। अगर हम ये कहें की नाखून आपके सेहत का हाल बयान करते हैं तो ये गलत नहीं होगा। जानिए नाखूनों से कैसे मिलता है स्वास्थ्य का संकेत।   

स्वास्थ्य का संकेत

कमजोर नाखून :

कमजोर या नाजुक नाखून शरीर में कैल्शियम की कमी को दर्शाते हैं। अगर ये सूखे हों या बहुत जल्दी टूट जाएं, तो आपको थायराइड की समस्या हो सकती है।

उभारयुक्त नाखून :

आपको किडनी से संबंधित बीमारी हो सकती है। ये विटामिन ए और प्रोटीन की कमी को भी दर्शाते हैं।

नाखूनों में पीलापन :

आपको सांस संबंधी समस्या, क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस हो सकती है। इस स्थिति में नाखून मोटे हो जाते हैं और उनकी वृद्धि रुक जाती है।

गहरे किनारे के सफेद नाखून :

ऐसे नाखून पीलिया की निशानी हो सकते हैं। इस अवस्था में लीवर में शिकायत हो सकती है।

 
💅सेहत के लिए कुछ अन्‍य संकेत 

फेफड़ों से संबंधी बीमारी होने पर नाखून पीले पड़ जाते हैं और आकार में मोटे हो जाने के साथ धीरे-धीरे बढ़ते हैं।अगर आप के नाखूनों की पर्त सफेद है, तो ये भी एनीमिया का लक्षण होता है।  शरीर में खून की कमी और पीलिया होने पर इनका रंग पीला हो जाता है।सफेद रंग के नाखून लीवर से संबंधित बीमारियों जैसे हेपेटाइटिस की खबर देते हैं।आधे सफेद और आधे गुलाबी नाखून गुर्दे से संबंधित बीमारियों के संकेत देते हैं।

ऐसे रखें नाखूनों को स्‍वस्‍थ 

विटामिन बी 7 युक्त भोजन लें। यह दाल और सब्जियों में भरपूर मात्रा में पाया जाता है। इससे नाखूनों की कमजोरी दूर होगी।विटामिन ए, पोटेशियम, फॉस्फोरस युक्त आहार लें। यह रेड मीट, मछली और दूध के उत्पादों में प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।फलियां, अंडे और सलाद के रूप में कच्ची सब्जियां खाएं। इनमें जिंक होने की वजह से नाखून मजबूत होते हैं।नाखूनों की समय-समय पर सफाई करके उनकी जैतून के तेल से मालिश करें।
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Tuesday, April 26, 2016

Monday, April 25, 2016

Eyes

Eyes are Useless when the mind is Blind, So stay fit and do Yoga. My Special Blind(Divyang) Students          www.sdpsyoga.blogspot.com

Sunday, April 24, 2016

Success

The difference between a successful person and others is not a lack of strength, not a lack of knowledge, but rather a lack in will.
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Saturday, April 23, 2016

Ordinary

The difference between ordinary and extraordinary is that little extra.
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Friday, April 22, 2016

Winners

S D Public School Yoga Team won 1st Prize in world Earth Day Program (Government of India)

Received Award From Guinness Book World Record Holder Shri
Har Parkash (Guinness Rishi)

Thursday, April 21, 2016

Today

I believe in living today. Not in yesterday, nor in tomorrow.
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Wednesday, April 20, 2016

🛐कैंसर रोगियों के लिए फायदेमंद है योग🛐

🛐कैंसर रोगियों के लिए फायदेमंद है योग🛐

समय पर निदान होने से हो सकता है कैंसर का उपचार।योग करने से कैंसर जैसी बीमारी से सकता है बचाव।यूनिवर्सिटी ऑफ रोचेस्‍टर मेडिकर सेंटर ने किया है शोधभरपूर नींद लेकर कैंसर से किया जा सकतता है बचाव।

बच्चों को कैंसर होने पर ऐसे करें देखभाल

कैंसर एक जानलेवा बीमारी है, अगर इसका समय पर निदान हो जाये तो कुछ हद तक उपचार संभव है। कैंसर के उपचार बहुत ही खर्चीला और पीड़ादायक होता है। 

अगर नियमित व्‍यायाम और खानपान में सावधानी बरती जाये तो काफी हद तक कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी से शरीर को दूर रखा जा सकता है। कई शोधों में भी यह बात सामने आयी है कि नियमित योग करने से कैंसर से बचाव किया जा सकता है। इस लेख में विस्‍तार से जानिये कि योग कैंसर जैसी बीमारी से किस तरह बचाव करता है।

⚛क्‍या कहते हैं शोध

योग करने से कैंसर के रोगियों को रात में अच्छी नींद आती है। शरीर में ऊर्जा का संचार होता है। यह दावा अमेरिका में हुए एक नए शोध में किया गया है। न्यूयार्क में यूनिवर्सिटी आफ रोचेस्टर मेडिकल सेंटर के शोधकर्ताओं ने 400 से अधिक कैंसर रोगियों पर यह शोध किया। इन मरीजों को दो समूहों में बांटा गया। एक समूह को एक महीने के लिए हफ्ते में दो बार योग कराया गया।

शोध के दौरान पाया गया कि योग करने वाले रोगियों ने नींद की दवाओं में कटौती की। उनकी रात में नींद की गुणवत्ता में 22 प्रतिशत का सुधार आया। थकान भी आधी हो गई। साथ ही उनके जीवन की गुणवत्ता में भी सुधार आया। यह सुधार उन रोगियों के मुकाबले दोगुना था जिन्होंने योग नहीं किया।

यह शोध अमेरिकन सोसाइटी आफ क्लीनिकल ऑन्‍कोलॉजी की बैठक में प्रस्तुत किया गया। इसके प्रमुख शोधकर्ता कैरन मस्टियन ने कहा, हमारे पास कैंसर के रोगियों के पास थकान से निपटने के अच्छे उपाय नहीं थे। हालांकि कुछ रोगी नींद लेने के लिए दवाओं का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन इन दवाओं का 'साइड इफेक्ट' होता है। उन्होंनें कहा कि यह परिणाम योग के सभी रूपों पर लागू नहीं होता है।

योग के अन्‍य फायदे

योग शरीर के लिए बहुत फायदेमं है, नियमित योग करने से दिमाग शांत रहता है और याद्दाश्‍त बढ़ती है। यह शरीर के संतुलन को बनाये रखने में भी मददगार है।

अच्छा स्वास्थ्य केवल बीमारियों से दूर रहना ही नहीं है बल्कि अपने मन और भावनाओं के बीच सन्तुलन स्थापित करना है। योग से आपको सम्पूर्ण स्वास्थ्य प्राप्त होता है, इससे न केवल बीमारियां दूर होती हैं बल्कि यह व्‍यक्ति को गतिशील, खुश और उत्साही बनाता है।

विभिन्न योग मुद्राओं और श्वांस क्रियाओं के सामंजस्य के कारण योग से शरीर में रक्‍त का संचार अच्‍छे से होता है। यह दिल को भी मजबूत बनाता है और दिल को रोगी होने से भी बचाता है। 

ऐसे विभिन्न आसन, जिनमें आप थोड़े समय के लिये सांस रोकते हैं, आपके हृदय और धमनियों को स्वस्थ रखते हैं। योग से बेहतर रक्त संचार होता है जिससे रक्त का ठहराव नहीं होता और हृदय स्वस्थ होता है।

योग से तनाव कम होता है। व्‍यस्‍त दिनचर्या के कारण तनाव और थकान होना सामान्‍य है, लेकिन नियमित योग करने से थकान और तनाव से बचाव होता है।
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Acro yoga, Contortion